“हरियाली के मसीहा” दारिपल्ली रमैया का निधन
- पीएम मोदी ने जताया शोक
नई दिल्ली।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज शनिवार को हरियाली के लिए जीवन समर्पित करने वाले दारिपल्ली रामैया के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया। पीएम ने उन्हें “सस्टेनेबिलिटी का चैंपियन” बताया और कहा कि उनका जीवन आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा देता रहेगा। प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “दारिपल्ली रमैया गरु को हमेशा एक ऐसे व्यक्ति के रूप में याद किया जाएगा जिन्होंने लाखों पेड़ लगाए और उनकी रक्षा की। उनका काम प्रकृति से गहरे प्रेम और भविष्य की पीढ़ियों की चिंता को दर्शाता है।” गौरतलब है कि दारिपल्ली रमैया को 2017 में पद्मश्री पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। वे तेलंगाना के खम्मम जिले के रहने वाले थे और माना जाता है कि उन्होंने अपने जीवन में 1 करोड़ से ज्यादा पौधे लगाए। ये पेड़ न सिर्फ छाया देते हैं बल्कि लोगों को फल भी प्रदान करते हैं।
तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने भी उनके निधन पर शोक जताया और कहा कि “रमैया ने अकेले ही पौधारोपण की मुहिम शुरू की और समाज को पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रेरित किया।” रमैया का जन्म 1 जुलाई 1937 को रेड्डीपल्ली गांव (अब तेलंगाना) में हुआ था। उन्होंने 50 से ज्यादा साल तक पर्यावरण संरक्षण के लिए काम किया। वह हमेशा अपनी जेब में बीज रखते थे ताकि जब भी खाली जमीन दिखे, वहां पेड़ लगा सकें।उन्हें कई सम्मान मिले जैसे – सेवा अवॉर्ड (1995), वनमित्र अवॉर्ड (2005) और पारंपरिक ज्ञान के लिए राष्ट्रीय नवाचार पुरस्कार (2015)। तेलंगाना सरकार ने ‘हरिता हरम’ योजना के तहत भी उन्हें समर्थन दिया था, जिसका लक्ष्य राज्य की हरित क्षेत्र को 24% से बढ़ाकर 33% करना था। रमैया की प्रेरणादायक सोच और पेड़ों के प्रति प्रेम आने वाली पीढ़ियों को भी प्रकृति की सेवा के लिए प्रेरित करता रहेगा।
Disclaimer
Royal Patrika is an independent news portal and weekly newspaper. Content is published for informational purposes only. Royal Patrika does not take responsibility for errors, omissions, or actions taken based on published information.
Royal Patrika एक स्वतंत्र समाचार पोर्टल और साप्ताहिक समाचार पत्र है। यहां प्रकाशित सामग्री केवल सूचना के उद्देश्य से है। प्रकाशित जानकारी के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय, त्रुटि या नुकसान के लिए Royal Patrika जिम्मेदार नहीं होगा।
