अजमेर दरगाह पहुंचे नीतीश सरकार के मंत्री जमा खान
चुनाव में जीत के लिए अदा किया शुकराना
अजमेर शरीफ पहुंचे बिहार के मंत्री
अजमेर। बिहार में नीतीश सरकार बनने के साथ ही एनडीए (NDA) के इकलौते मुस्लिम एमएलए व मंत्री मोहम्मद जमा खान अजमेर शरीफ पहुंचे। उन्होंने अपनी जीत पर सूफी संत ख्वाजा मोईनुद्दीन चिश्ती की दरगाह पर अकीदत की चादर और फूल पेश किए।
शुक्रवार रात में मोहम्मद जमा खान और उनके कार्यकर्ताओं ने ख्वाजा गरीब नवाज के आस्ताना पर शुक्र अदा किया (धन्यवाद)।
-
जियारत कराने वाले: खादिम सैय्यद अनवर फरीदी
-
सम्मान: दरबार की दस्तारबंदी कर तबर्रूक भेंट किया।
अकेले मुस्लिम विधायक और मंत्री
बिहार सरकार में 26 मंत्री बनाए गए हैं, जिसमें जेडीयू से इकलौते मुस्लिम एमएलए मोहम्मद जमा खान मंत्री बने हैं। वे चैनपुर से चुनाव जीते हैं। जमा खान नीतीश सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री रहे हैं। यही वजह है कि दोबारा जीत और मंत्री बनने पर अजमेर शरीफ शुकराना अदा करने पहुंचे।
जमा खान ने बताया:
-
उनका परिवार ख्वाजा गरीब नवाज में आस्था रखता है और ख्वाजा साहब के करम से उन्हें जीवन में कामयाबी मिली है।
-
सीएम नीतीश कुमार किसी जाति-मज़हब में फर्क नहीं करते और सभी का सम्मान करते हैं।
-
वे राज्य की तरक्की, मोहब्बत, भाईचारे के लिए हमेशा काम करते रहे हैं।
-
वे 10 बार के सीएम नीतीश कुमार की अच्छी सेहत और राज्य में सरकार बेहतर कार्य करे, इसलिए शुक्रिया चादर पेश करने आए हैं।
4 मुस्लिम प्रत्याशियों में से सिर्फ जमा खान को मिली जीत
उन्होंने कहा कि सीएम नीतीश कुमार ने मुस्लिम समाज की बात रखते हुए 4 टिकट दिए, लेकिन सिर्फ उन्हें ही जीत मिली और मिनिस्टर भी बनाया गया। ये जीत ख्वाजा गरीब नवाज के करम और दुआ से मिली है।
उन्होंने जनता के लिए बेहतर कार्य अंजाम देने का वादा किया। अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री रहते हुए उन्होंने किए गए कार्यों का ब्यौरा दिया:
-
राज्य में गर्ल्स-बॉयज 29 आवासीय विद्यालय की मंजूरी करवाई, जिनमें 12 जगहों पर निर्माण भी करवा दिए गए हैं।
-
हॉस्टल, स्कूल, मदरसे के सौन्दर्यकरण और मदरसों में वेतन में बढ़ोतरी की गई।
-
आईएएस, आईपीएस, ज्यूडिशियल की फ्री कोचिंग सेंटर भी अल्पसंख्यक समाज के लिए नीतीश सरकार करती आई है, और आगे भी इससे बेहतर काम करेगी।
Disclaimer
Royal Patrika is an independent news portal and weekly newspaper. Content is published for informational purposes only. Royal Patrika does not take responsibility for errors, omissions, or actions taken based on published information.
Royal Patrika एक स्वतंत्र समाचार पोर्टल और साप्ताहिक समाचार पत्र है। यहां प्रकाशित सामग्री केवल सूचना के उद्देश्य से है। प्रकाशित जानकारी के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय, त्रुटि या नुकसान के लिए Royal Patrika जिम्मेदार नहीं होगा।
